यीशु मसीह ने क्यू कहा कि तुम पृथ्वी के नमक हो
मत्ती 5:13
"तुम पृथ्वी के नमक हो; परन्तु यदि नमक का स्वाद बिगड़ जाए, तो वह फिर किस वस्तु से नमकीन किया जाएगा? फिर वह किसी काम का नहीं, केवल इस के कि बाहर फेंका जाए और मनुष्यों के पैरों तले रौंदा जाए।"
आइये हम नमक के गुणो और उपयोग के बारे में देखते हैं
- नमक उजला होता हैं
- नमक घुलनशील होता हैं
- नमक बर्प को पिघलने से बचाता है
- नमक भोजन में स्वाद लाता हैं
- नमक किटाणुओं से सुरक्षा करता हैं
- नमक प्यास बढाता हैं
1. नमक उजला होता है इसका अर्थ है पवित्र
यशायाह 1:18
"यहोवा कहता है, आओ, हम आपस में वादविवाद करें: तुम्हारे पाप चाहे लाल रंग के हों, तौभी वे हिम की नाईं उजले हो जाएंगे; और चाहे अर्गवानी रंग के हों, तौभी वे ऊन के समान श्वेत हो जाएंगे।"
यीशु मसीह चाहते हैं हम उनके उपस्थित मे बेठे बात चीत करे अपने गूना हो को उनके सामने कबूल करे एसा करने से हमारे पाप चाहे लाल रंग के होगें तौ भी वह हीम के समान उजले होजाएगें यानी की हम अपवित्र से पवित्र होजाएगें।
2. नमक घुलनशील होता है
जब नमक को पानी में डलते हैं तो वह बिल्कुल घुल जाता कोइ भी उसे उसमे से निकाल नही सकता वो अपने आप को मीटा देता इसी प्रकार से हमे भी लोगों के साथ घुल मिल जाना हैं क्योंकि वचन कहत मरकुस 9:50 की आपस में मेल मिलाप रखो। तो यदि हम लोगो के साथ मेल मिलाप रखेंगे तो लोग अपने दुखो को हमारे सामने कहेंगे तो हमे मोका मिलेगा यीशु की नाम की महीम करने के लिए।
3. नमक बर्फ को पिघलने से बचाता हैं
इस सन्सार मे इन्सान भी बर्फ के समान पाप के कारण पीघल ते जारहे है (यानिकी नास होरहे है)। इसलिए इफिसियों 6:15 पांवों में मेल के सुसमाचार की तैयारी के जूते पहिन कर। यानी हमें हर वक्त हर समय सूसमाचार प्रचार करने के लिए तैयार रेहन है। और हमारे सूसमाचार प्रचार करने के द्वारा पाप के कारन जो नास होरहे है प्रमेश्वर उन्हे बचाते है।
4. नमक कीटाणुओं से सुरक्षित करता है
मांस को खराब होने से बचाने के लिए नमक का इस्तमाल करते हे ताकि वह मांस सुरक्षित रहै। ठीक इसी प्रकार से प्रमेश्वर अपने लोगो को इस्तेमाल करके उन लोगों को जो पाप के आत्मा के कारण नास होरहे है बचाता हैं।
2 राजा 2:21 मे हम पढते हैं की
"तब वह जल के सोते के पास निकल गया, और उस में नमक डालकर कहा, यहोवा यों कहता है, कि मैं यह पानी ठीक कर देता हूँ, जिस से वह फिर कभी मृत्यु वा गर्भ गिरने का कारण न होगा।" एलीसा नबी पानी मे 1 प्याला नमक डालकर पानी को ठीक कीया ताकि र्गभ ना गीरे और र्मत्यु ना हो।
5. नमक प्यास बढाता है
1 इतिहास 16:24
"अन्यजातियों में उसकी महिमा का, और देश देश के लोगों में उसके आश्चर्य-कर्मों का वर्णन करो।"
जब हम अन्यजातियो मे यीशु की महीमा करते है और देश देश के लोगो मे उसके आसर्चय कर्मो का वर्णन करते है और हमारे जीवन मे जो प्रमेश्वर र्काय कीए है उस गवाही को जब बताते है तो हम नमक का काम करते है और लोगों को यीशु मसीह के पास आने के लिए प्यास बढ जाता है और वह लोग बार बार हम से मिलने की चाहत रखते है और हम से बार बार मिलते है।
6. नमक भोजन में स्वाद लाता है
जब नमक को भोजन इस्तेमाल कीया जाता है तो भोजन स्वाद आता है इसी प्रकार प्रभु यीशू विश्वास करने वाले लोगो इस्तेमाल करके जीनके जीवन स्वाद नही है या जीनके जीवन मे शान्ति नही है उनको प्रभु यीशू शान्ति देते है।
जेसा की हम प्रेरितो के काम 3:7-8 मे पढते है
7 और उस ने उसका दाहिना हाथ पकड़ के उसे उठाया: और तुरन्त उसके पावों और टखनों में बल आ गया।
8 वह उछलकर खड़ा हो गया, और चलने फिरने लगा और चलता; और कूदता, और परमेश्वर की स्तुति करता हुआ उन के साथ मन्दिर में गया।
जीस प्रकार उस लंगरे भीकारी के जीवन मे शन्ति नही था वह भीख मांगता था पतरस और यूहन्ना के द्वारा प्रभू यीशू उस लंगढरे भीकारी को चगांइ दिया और वह चंगाई मिलने के कारण वह खुशी से प्रभू यीशु की स्तुति करते हूए चला गया। इस प्रकार प्रभु यीशू अपने विस्वास करने वाले लोगो के द्वारा (अपने चेलो के द्वारा) लोगो के जीवन मे स्वाद लाते है।

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